दबंगई से त्रस्त पीड़ित परिवार गांव छोड़ने को मजबूर

ऊसराहार,इटावा। ऊसराहार थाना क्षेत्र अन्तर्गत ताखा तहसील क्षेत्र के के ग्राम रुद्रपुर इटूआ में एक गरीब राठौर परिवार दबंगई का शिकार होकर न्याय की गुहार लगा रहा है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि पड़ोसी गांव कल्याणपुर के कुछ दबंगों द्वारा लगातार उत्पीड़न, धमकी और अवैध कब्जे के प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे परिवार गांव छोड़ने को मजबूर हो गया है। हैरानी की बात यह है कि बार-बार शिकायत के बावजूद प्रशासनिक स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
पीड़िता बबली राठौर पुत्री रहीश राठौर ने बताया कि उनका परिवार पिछले करीब तीन पीढ़ियों से इसी गांव में निवास कर रहा है। यह पैतृक भूमि है,जहां उनके दादा-परदादा भी रहते थे। आरोप है कि पूर्व प्रधान ने अपने प्रभाव और दबंगई के बल पर उनके घर के सामने बुलडोजर लगवाकर करीब चार से पांच फीट चौड़ा और गहरा, लगभग 40 फीट लंबा नाला खुदवा दिया, जिससे घर का रास्ता पूरी तरह बाधित हो गया।
पीड़िता का कहना है कि नामजद दबंग ने कल्याणपुर मौजा में स्थित एक तालाब खरीदा है, जबकि उनका मकान इटूआहार मौजा में स्थित है। इसके बावजूद जबरन कब्जा करने की नीयत से मकान के सामने खुदाई कराई गई।
मकर संक्रांति की छुट्टी का फायदा उठाते हुए बुलडोजर से खुदाई कराई गई और मकान के सामने खड़े हरे-भरे पेड़ों को भी नष्ट कर दिया गया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें डराने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के लिए सादा कागज पर फर्जी नोटिस दिया गया, जिस पर किसी भी अधिकारी की मोहर या हस्ताक्षर नहीं थे।
जब इस मामले की सूचना डायल 112 पुलिस को दी गई, तो मौके पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। लेखपाल और कानूनगो पर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं कि उन्होंने कागजात देखे बिना ही उन्हें फेंक दिया और दबंग से मिली भगत दिखाई। फिलहाल राठौर परिवार भय और असुरक्षा के माहौल में जीवन जीने को मजबूर है।
पीड़िता ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि निष्पक्ष पैमाइश कराकर अवैध कब्जा को रोका जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि उन्हें अपने ही गांव में सम्मान और सुरक्षा के साथ रहने का अधिकार मिल सके।
बबली राठौर का कहना है कि नामजद दबंग खुलेआम धमकी देता है कि “यहीं गड्ढे में गाड़ देंगे, गांव से बाहर भी नहीं जाने देंगे” पीड़िता ने बताया कि इससे पहले भी हमारे परिवार के साथ कई घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन हर बार उन्हें दबा दिया गया।
गरीब और कमजोर होने के कारण उन्हें कहीं से न्याय नहीं मिल पा रहा है। पीड़िता ने ताखा तहसील दिवस, उपजिलाधिकारी श्वेता मिश्रा,जिलाधिकारी इटावा और यहां तक कि मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश को भी प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई,लेकिन अब तक कोई अधिकारी मौके पर जांच करने तक नहीं पहुंचा।
पीड़िता का कहना है कि अधिकारी केवल कागजी कार्रवाई कर रहे हैं, जबकि जमीन पर स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है।
भाजपा मंडल अध्यक्ष दीपक नंदन पीड़ित परिवार के समर्थन में सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि नामजद दबंग प्रवृत्ति का व्यक्ति है, जो अपनी हनक के बल पर गरीब परिवार पर अत्याचार कर रहा है।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार है, जहां माफिया और दबंग या तो जेल में हैं या प्रदेश छोड़ चुके हैं।
उन्होंने आश्वासन दिया कि वह पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए पूरी मजबूती से खड़े हैं। दीपक नंदन ने बताया कि उन्होंने ताखा के संबंधित अधिकारियों से इस मामले में बात की है। अधिकारियों ने बताया है कि मामला एसआईआर प्रक्रिया में है और शीघ्र ही निष्पक्ष जांच कराकर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाया जाएगा।



