रेलवे में नौकरी के नाम पर 6.60 लाख की ठगी
ग्रुप-डी में भर्ती का झांसा देकर रुपये लेने का आरोपी गिरफ्तार

जसवन्तनगर,इटावा। रेलवे में ग्रुप-डी की नौकरी दिलाने का झांसा देकर 6.60 लाख रुपये लेने और कथित फर्जी जॉइनिंग लेटर देने के मामले में जसवंतनगर पुलिस ने वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को 29 अक्टूबर को उसके घर के पास से पकड़ा। आरोपी के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 223/2026 दर्ज है।
रेलमंडी नई बस्ती निवासी कृष्णकांत पुत्र देवकी नंदन ने न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया कि वह शिक्षित बेरोजगार है। उसकी जान-पहचान के उपेंद्र कुमार पुत्र स्वर्गीय दयाराम ने उसे रेलवे में ग्रुप-डी की नौकरी दिलाने का भरोसा दिया था। इसके लिए 6 लाख 60 हजार रुपये मांगे गए थे।
ऑनलाइन तीन लाख, नकद दिए 3.60 लाख
शिकायतकर्ता के अनुसार,14 दिसंबर 2020 से 13 दिसंबर 2021 के बीच अलग-अलग तारीखों में तीन लाख रुपये ऑनलाइन आरोपी के खाते में भेजे। इसके बाद 22 दिसंबर 2021 को दो गवाहों की मौजूदगी में तीन लाख 60 हजार रुपये नकद दिए। आरोपी ने छह महीने में नौकरी लगवाने का आश्वासन दिया,लेकिन काफी समय बीतने के बाद भी नौकरी नहीं मिली।
प्रयागराज में फर्जी निकला जॉइनिंग लेटर
पीड़ित का आरोप है कि छह अक्टूबर 2025 को आरोपी ने उसे जॉइनिंग लेटर दिया। 27 जनवरी 2026 को प्रयागराज स्थित संबंधित विभाग में पहुंचने पर अधिकारियों ने पत्र को फर्जी बताया। इसके बाद रुपये वापस मांगने पर आरोपी ने कथित तौर पर चार महीने में रकम लौटाने का आश्वासन दिया।
न्यायालय के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
कृष्णकांत के मुताबिक, थाना जसवंतनगर और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत करने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इसके चलते उसने पांच मई 2026 को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, न्यायालय संख्या-दो, इटावा में प्रार्थना पत्र दिया।
पुलिस के अनुसार, थानाध्यक्ष कमल भाटी के नेतृत्व में टीम ने 29 अक्टूबर को 40 वर्षीय उपेंद्र कुमार शाक्य को उसके घर के पास से गिरफ्तार किया। मामले में भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। रुपये लेने और फर्जी जॉइनिंग लेटर देने के आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया में होनी है।



