खाद्य प्रसंस्करण इकाई लगाने पर मिलेगा एक लाख रुपये तक अनुदान

गाजियाबाद। मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण ग्राम स्वरोजगार योजना के तहत राजकीय फल संरक्षण एवं प्रशिक्षण केंद्र गाजियाबाद की ओर से मुरादनगर ब्लॉक के ग्राम सिखैड़ा हजारी में दो दिवसीय खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ ग्राम प्रधान प्रतिनिधि शिवा ने फीता काटकर किया। प्रशिक्षण में 30 लाभार्थियों ने भाग लिया।
केंद्र प्रभारी देशमुक्त कुमार ने बताया कि योजना का उद्देश्य शिक्षित बेरोजगार युवक-युवतियों को खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाकर स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। उन्होंने विभागीय योजनाओं, खाद्य प्रसंस्करण इकाई स्थापित करने और अनुदान प्राप्त करने की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उद्योग स्थापित करने पर विभाग की ओर से अधिकतम एक लाख रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा।
वरिष्ठ निरीक्षक आरके सिंह और सहायक प्रभारी राकेश कुमार ने खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों की स्थापना से जुड़ी तकनीकी जानकारी दी। वहीं, जिला रोजगार अधिकारी कार्यालय से वंदना रानी और दीपेंद्र कुमार ने आवश्यक लाइसेंस, वित्तीय प्रबंधन, ऋण सुविधा और अनुदान संबंधी प्रक्रिया समझाई।
प्रशिक्षण के दौरान लाभार्थियों को मसाला पैकिंग, अचार, सॉस, केचअप, जैम, मुरब्बा, कैंडी, पेठा, पापड़, बड़ी, आलू चिप्स सहित अन्य खाद्य उत्पादों के निर्माण और पैकिंग की जानकारी दी गई। इसके अलावा फ्लोर मिल, राइस मिल और ऑयल मिल स्थापित करने तथा उत्पादों की ग्रेडिंग की व्यावहारिक जानकारी भी दी गई। प्रशिक्षण के दूसरे दिन प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम में सोलंकी शर्मा, मंजू रानी, रीना, शीला, पूजा, अर्चना, कविता कोमल, बबीता, पिंकी, रजनी, मनीषा, संजना और ममता सहित अन्य लाभार्थी मौजूद रहे।



