मासूम शाबान ने रखा रोजा: अमन-चैन की मांगी दुआ
पांच वर्ष के मासूम ने देश के अमन चैन के लिए रखा रोजा

भरथना,इटावा। रमजान के मुबारक महीने में जहां बड़े-बुजुर्ग इबादत में मशगूल हैं,वहीं छोटे बच्चे भी पूरी अकीदत के साथ रोजा रखकर मिसाल पेश कर रहे हैं। रमजान के 12वें रोजे पर भरथना के स्टेशन रोड निवासी कुर्बान के 5 वर्षीय बेटे शाबान ने अपना पहला रोजा रखा।
नन्हे शाबान ने अपनी मां शाइस्ता को देखकर रोजा रखने की इच्छा जताई। परिवार ने पहले उसकी मासूम जिद समझी, लेकिन जब उसने पूरे दिन सब्र और हौसले के साथ रोजा रखा तो घर में खुशी का माहौल बन गया। रोजा खोलते समय शाबान ने देश में अमन-चैन और खुशहाली की दुआ मांगी।
परिजनों ने बताया कि शाबान सुबह सहरी में उठा और पूरे दिन बिना किसी शिकायत के रोजा रखा। शाम को इफ्तार के वक्त परिवार और मोहल्ले के लोगों ने उसकी हौसला अफजाई की।
नन्ही उम्र में धार्मिक भावना और अनुशासन का यह उदाहरण क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। लोगों का कहना है कि बच्चों में ऐसी सकारात्मक सोच समाज के लिए प्रेरणादायक है।



