मसूरी पुलिस ने तीन शातिर लुटेरे दबोचे, लूटा मोबाइल और दो तमंचे बरामद
चेकिंग के दौरान बाइक सवार बदमाशों को घेराबंदी कर पकड़ा, चोरी की मोटरसाइकिल भी बरामद; 29 अगस्त की मोबाइल लूट का हुआ खुलासा

गाजियाबाद। मसूरी पुलिस ने चेकिंग के दौरान तीन शातिर लुटेरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लूटा गया वीवो मोबाइल फोन, दो अवैध तमंचे और कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी जब्त की है। जांच में बाइक के दस्तावेज नहीं मिले और उसके गौतमबुद्ध नगर निवासी ओमप्रकाश के नाम होने की जानकारी सामने आई है।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान सूबे (28) पुत्र रामेश्वर निवासी बड़का आरिफपुर, मसूरी, विशाल (27) पुत्र पदम सिंह निवासी जलालपुर रोड, मुरादनगर और आकाश (25) पुत्र सुंदर निवासी कुम्हारों वाली गली, मुरादनगर के रूप में हुई है।
एसीपी मसूरी सुनील कुमार के अनुसार, पुलिस टीम एक सितंबर की शाम नाहल झाल गंगनहर पटरी पर चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि 29 अगस्त को हुई मोबाइल लूट में शामिल आरोपी चितौड़ा पुल की तरफ आने वाले हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की।
कुछ देर बाद बाइक पर सवार तीन युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो उन्होंने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने तीनों को मौके पर ही दबोच लिया।
बदमाशों के पास से तमंचे और लूटा मोबाइल मिला
पुलिस के मुताबिक, तलाशी के दौरान सूबे के पास 315 बोर का अवैध तमंचा और कारतूस, जबकि विशाल के कब्जे से 12 बोर का अवैध तमंचा और दो कारतूस बरामद हुए। वहीं आकाश की तलाशी में 29 अगस्त को लूटा गया वीवो मोबाइल फोन बरामद हुआ।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों के पास मौजूद स्पलेंडर मोटरसाइकिल के वैध दस्तावेज नहीं थे। बाइक गौतमबुद्ध नगर निवासी ओमप्रकाश के नाम पंजीकृत बताई गई है। बाइक पर फर्जी नंबर प्लेट लगाए जाने की भी बात सामने आई है।
तमंचे के बल पर राहगीरों से करते थे लूट
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने राहगीरों से मोबाइल छीनने और लूट की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की। पुलिस के अनुसार, आरोपी डराने-धमकाने और अपनी सुरक्षा के लिए अवैध तमंचे रखते थे। 29 अगस्त की रात चितौड़ा पुल के पास वसीम और सालिम से तमंचे के बल पर मोबाइल लूटे गए थे। आरोपी लूटे गए मोबाइल को बेचने की फिराक में थे।
पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 317(2), 3(5) और 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए चालान किया है। फर्जी नंबर प्लेट लगी मोटरसाइकिल के संबंध में धारा 207 एमवी एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई है। पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है।



