जब शिक्षक स्वयं खेलों से जुड़ता है तो विद्यार्थियों में भी अनुशासन, टीम भावना व सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है : खंड शिक्षा अधिकारी

महराजगंज, रायबरेली। जिला स्तरीय बेसिक शिक्षक टूर्नामेंट–2026 का शुभारंभ 4 जनवरी से 7 जनवरी तक जवाहर नवोदय विद्यालय, महाराजगंज परिसर में उल्लास, अनुशासन और खेल भावना के साथ किया गया। समस्त बेसिक शिक्षा परिवार, रायबरेली के तत्वावधान में आयोजित इस चार दिवसीय प्रतियोगिता ने जनपद के शिक्षक खिलाड़ियों को एक सूत्र में पिरो दिया है।
उद्घाटन अवसर पर मुख्य अतिथि खंड शिक्षा अधिकारी राममिलन यादव ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा शिक्षक समाज का मार्गदर्शक होता है। जब शिक्षक स्वयं खेलों से जुड़ता है तो विद्यार्थियों में भी अनुशासन, टीम भावना और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
ऐसे आयोजन न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करते हैं, बल्कि आपसी समन्वय और सौहार्द को भी मजबूत बनाते हैं।”कार्यक्रम प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष विनोद कुमार अवस्थी के संरक्षण में संपन्न हो रहा है। उन्होंने अपने संबोधन में कहा यह टूर्नामेंट शिक्षकों के बीच आपसी भाईचारे और सहयोग की भावना को नई ऊंचाई देता है। विद्यालयी दायित्वों के बीच खेल शिक्षकों को मानसिक ताजगी प्रदान करता है। हमारा उद्देश्य है कि शिक्षक स्वस्थ रहें, संगठित रहें और उसी ऊर्जा के साथ शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाएं।
टूर्नामेंट के सफल आयोजन के लिए गठित आयोजक मंडल में सुवेश कुमार, संदीप कुमार, कुंवर जी यादव, दिलीप कुमार एवं सुनील कुमार की भूमिका सराहनीय रही। आयोजन स्थल जवाहर नवोदय विद्यालय प्रशासन की ओर से भी पूरा सहयोग मिला। इस अवसर पर विद्यालय के उप-प्राचार्य विनीत कुमार पाठक, दिनेश दुबे, धीरज प्रताप सिंह, विजय प्रकाश वर्मा, विश्वनाथ पांडे, मनोज कुमार पांडे एवं अनिल विक्रम सिंह की गरिमामयी उपस्थिति रही।टूर्नामेंट के पहले दिन खेले गए चार रोमांचक मुकाबलों ने दर्शकों को खूब रोमांचित किया।
डलमऊ ने अमावा को पराजित किया, महाराजगंज ने जगतपुर पर प्रभावशाली जीत दर्ज की, अमावा ने डीह को शिकस्त दी, जबकि सतांव और जगतपुर के बीच हुए मुकाबले में जगतपुर की टीम विजयी रही। खिलाड़ियों के दमदार प्रदर्शन और खेल भावना की दर्शकों ने मुक्त कंठ से सराहना की।कुल मिलाकर जिला स्तरीय यह बेसिक शिक्षक टूर्नामेंट शिक्षकों में खेल भावना, अनुशासन, आपसी सौहार्द और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक अनुकरणीय पहल साबित हो रहा है।



