तहसील में लेखपालों ने दिया धरना
मृत लेखपाल को न्याय दिलाने की मांग को लेकर धरना

जसवंतनगर,इटावा। फतेहपुर जिले में एसआईआर के दबाव में लेखपाल सुधीर कुमार द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने के मामले ने प्रदेश भर के लेखपालों में आक्रोश पैदा कर दिया है। घोषित प्रदेशव्यापी हड़ताल के समर्थन में मॉडल तहसील जसवंतनगर में लेखपालों ने एकजुट होकर धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पूरे प्रकरण में संज्ञान लेने के बजाय प्रशासन लीपापोती करने में जुटा है, जबकि मृतक के परिजनों को न्याय मिलना आवश्यक है।
लेखपालों ने मृत सुधीर कुमार के परिवार के लिए 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता, दोषी अफसरों—ईआरओ जहानाबाद और संबंधित कानूनगो—के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि साथी की मौत आकस्मिक नहीं, बल्कि लगातार बने दबाव का परिणाम है, जिसका जवाब प्रशासन को देना होगा।
गौरतलब है कि फतेहपुर के खजुहा निवासी लेखपाल सुधीर कुमार ने मंगलवार को अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी थी, जबकि अगले दिन उनकी शादी होनी थी। परिजनों का आरोप है कि कानूनगो और ईआरओ द्वारा एसआईआर कार्य को लेकर निलंबन और बर्खास्तगी की धमकी दी जा रही थी। यहां तक कि शादी की तैयारियों के दौरान भी सुधार को काम के लिए दबाव में लाया गया था, जिससे मानसिक तनाव बढ़ गया।
धरना स्थल पर तहसील अध्यक्ष जहीर खान, सचिव मनीष दुबे, उपाध्यक्ष शमशेर बहादुर, मंदीप, अनुराग, दीपक यादव, अरुण कुमार, जयपाल, पूनम, नेहा, आकांक्षा, कवीक्षा सहित कई लेखपाल मौजूद रहे। लेखपालों ने चेतावनी दी कि न्याय न मिलने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।



