खरमास शुरू! इन 30 दिनों में ये 6 काम करने से करें परहेज

Kharmas 2025-26: 16 दिसंबर से खरमास है। इसे मलमास और धनु संक्रांति के रूप में भी जाना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जैसे ही सूर्य धनु राशि में प्रवेश करते हैं, खरमास का आरंभ होता है। इस अवधि में किसी भी शुभ कार्य का आयोजन वर्जित माना जाता है। मान्यताओं के अनुसार, खरमास के दौरान शुभ कर्म करना विशेष रूप से अशुभ होता है और इससे किसी भी व्यक्ति को समस्याओं का सामना हो सकता है।
इस समय सूर्य की गति कम प्रभावशाली हो जाती है जो कि उसे प्रभावी तरीके से कार्य करने से रोकता है। तो आइए जानें 15 जनवरी 2026 तक किन कार्यों (Kharmas Dos and Don’ts) से बचना चाहिए।
1. विवाह, गृह प्रवेश और अन्य मांगलिक कार्य
खरमास के दौरान विवाह, घर में प्रवेश, नामकरण, मुंडन, अन्नप्राशन और वास्तु पूजन जैसे सभी शुभ कार्य निषेध होते हैं। और तो और इस दौरान कुल 16 संस्कारों का आयोजन करना वर्जित माना जाता है।
2. तुलसी के पत्ते तोड़ने से बचें
खरमास के 30 दिनों में तुलसी के पत्ते तोड़ना अशुभ माना जाता है। दरअसल, इस वक्त श्रीहरि की पूजा होती है और तुलसी भगवान विष्णु के लिए बहुत प्रिय मानी जाती है। इसलिए इन पत्तों को तोड़ने से बचना चाहिए।
3. सात्विक आहार ही उचित है
इस समय केवल सात्विक आहार का सेवन करना चाहिए। लहसुन, प्याज, मांस, मछली और अंडे जैसे तामसिक भोजन से दूर रहना चाहिए अन्यथा सूर्यदेव नाराज हो सकते हैं।
4. नया घर बनवाना या खरीदना नहीं चाहिए
खरमास के दौरान घर बनवाना या भूमि तथा संपत्ति की खरीद-बिक्री भी शुभ नहीं मानी जाती। कहा जाता है कि इस समय ऐसे कार्यों में विघ्न और समस्याएं आ सकती हैं।
5. नया व्यवसाय और नौकरी न शुरू करें
खरमास के दौरान नया व्यापार आरंभ करना भी अच्छा नहीं माना जाता है। इससे आर्थिक समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसलिए, इस समय नए जॉइनिंग या बड़े निवेश से बचना चाहिए।
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6. नया घर खरीदने या उसमें प्रवेश करना
खरमास के दौरान नए घर में प्रवेश भी अशुभ होता है। ऐसा करने से घर की सुख-समृद्धि पर नकारात्मक असर पड़ सकता है।



