अंधेर नगरी चौपट राजा: कहावत हुईं चित्रार्थ
ग्रामीणों ने लगाए प्रधान समेत ब्लॉक प्रशासन पर गम्भीर आरोप

भरथना,इटावा। भरथना तहसील क्षेत्र अन्तर्गत महेवा विकास खंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत अहेरीपुर के मजरा ग्राम बीरपुर निवासी नंदू चक समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने ग्राम बीरपुर में नियम विरुद्ध नाली निर्माण कराने और गांव में जलभराव की समस्या दूर करने के बजाय जलभराव उत्पन्न करने के सम्बन्ध में गम्भीर आरोप लगाते हुए पंचायती राज अधिकारी इटावा को अंधेर नगरी चौपट राजा:वाली कहावत चित्रार्थ होने का दावा करते हुए एक प्रार्थना पत्र सौंप कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग के साथ समस्या का सही निस्तारण कराए जाने की मांग की है।
जनपद के डीपीआरओ को सौंपे गए शिकायती प्रार्थना पत्र में नंदू चक ने बताया कि अत्यंत व्यथित हृदय और भारी मन से आपका ध्यान अपने ग्राम बीरपुर महेवा की नारकीय स्थितियों की ओर आकर्षित करना चाहता है। उनके गाँव के मासूम बच्चे, बुजुर्ग और समस्त ग्रामीण इस समय एक ऐसी समस्या से जूझ रहे हैं,जिसे प्रशासन चाहे तो तुरंत ठीक कर सकता है। वर्तमान में ग्राम प्रधान पति द्वारा जबरन सड़क मार्ग पर एक नाली का निर्माण कराया जा रहा है। विडंबना यह है कि इस नाली का ढलान (बहाव) पूरी तरह से उल्टा रखा गया है। जोकि तकनीकी रूप से पूरी तरह गलत होने के कारण इसका पानी बाहर निकलने के बजाय वापस गाँव की गलियों और घरों की ओर आएगा।
उन्होंने बताया कि गांव में गंदा जलभराव की जल निकासी की सही व्यवस्था न होने से पूरी सड़क कीचड़ और बदबूदार पानी से भरी रहती है।
बीमारियों का प्रकोप पूरे गाँव में पानी जमा होने के कारण मच्छरों और गंदगी से कई गंभीर बीमारियों फैल रही हैं। गांव बच्चे और बुजुर्ग लगातार बीमार पड़ रहे हैं,जिससे पूरे गाँव में भयाभय की स्थिति बनी हुई है। प्रधान पति की इस अनदेखी और घोर लापरवाही के चलते जब ग्रामीणों ने अपनी समस्या प्रधान के समक्ष्य रखी जाती है जिसपर प्रधान पति उल्टा ग्रामीणों को धमका कर भगा देता है। जबकि प्रधान पति दबंगई के बलपर शासन के नियमों को ताक पर रखकर उक्त निर्माण को जबरन कराए जा रहा है। लेकिन उक्त गलत निर्माण कार्य को रोकने वाला कोई नहीं है।उन्होंने अनुरोध करते हुए कहा है कि आप जिले के विकास के रक्षक हैं। और आप ही ग्रामीणों की आखिरी उम्मीद है।
अतःआपसे विनम्र प्रार्थना है कि उक्त नाली निर्माण कार्य की जांच हेतु किसी सक्षम अधिकारी को मौके पर भेज कर जांच कराएं,और नाली का बहाव सही दिशा में कराया जाए ताकि जल निकासी सुचारु हो सके। जिससे गाँव को गंदगी और बीमारियों से मुक्ति दिलाई जा सके।



