नहाते वक्त बच्चे ने निगल लिया साबुन; घबराने के बजाय फौरन करें ये 3 काम, भूलकर भी न कराएं उल्टी

child ate soap first aid: छोटे बच्चों की आदत होती है कि वे हर चमकीली और रंग-बिरंगी चीज को खाने की वस्तु समझकर सीधे मुंह में डाल लेते हैं। अक्सर बाथरूम में नहाते वक्त या खेलते समय बच्चे रंगीन, खुशबूदार साबुन को बिस्किट समझकर उसका टुकड़ा चबा लेते हैं या निगल जाते हैं। साबुन में सोडियम पामेट और सोडियम लॉरेट जैसे कई तरह के केमिकल्स का इस्तेमाल होता है, जो पेट के अंदर जाकर सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं। ऐसी स्थिति बनते ही माता-पिता बुरी तरह घबरा जाते हैं और हड़बड़ाहट में गलत कदम उठा लेते हैं। सर्जन डॉक्टर राकेश श्रीवास्तव के अनुसार, अगर बच्चे ने साबुन खा लिया है तो पैनिक होने के बजाय माता-पिता को तुरंत तीन जरूरी कदम उठाने चाहिए ताकि स्थिति को बिना किसी जोखिम के संभाला जा सके।

पहला जरूरी कदम यह है कि बच्चे का मुंह तुरंत साफ कराया जाए। बच्चे को साफ पानी से बार-बार कुल्ला करवाएं और यदि साबुन उसके दांतों या मसूड़ों में चिपका है, तो उसे मुलायम ब्रश या साफ कपड़े से धीरे-धीरे निकाल दें। इसके साथ ही मुंह के भीतर उंगली से यह भी देख लें कि गले में कोई साबुन का बड़ा टुकड़ा फंसा तो नहीं रह गया है।

दूसरा कदम यह है कि अगर बच्चा साबुन का टुकड़ा निगल चुका है, तो उसे तुरंत एक से दो गिलास सादा पानी या फिर दूध पिलाएं। दूध और पानी पेट में जाकर साबुन के रासायनिक असर को न्यूट्रलाइज कर देते हैं, जिससे पेट की अंदरूनी परत सुरक्षित रहती है और घुला हुआ साबुन पेशाब के जरिए शरीर से आसानी से बाहर निकल जाता है। तीसरा उपाय यह है कि यदि बच्चे ने साबुन की बड़ी मात्रा खा ली है, तो बाल रोग विशेषज्ञ की सलाह लेकर उसे मिल्क ऑफ मैग्नीशिया (Milk of Magnesia) सिरप दिया जा सकता है, जो आंतों में जलन को शांत कर देता है।

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डॉक्टर ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि ऐसी स्थिति में सबसे बड़ी गलती जो परिजन करते हैं, वह है बच्चे के गले में उंगली डालकर जबरन उल्टी (vomiting) कराने का प्रयास करना। साबुन अत्यधिक चिकना और झागदार होता है, ऐसे में उल्टी कराने से साबुन का केमिकल झाग बनकर बच्चे की सांस नली में फंस सकता है, जिससे दम घुटने और फेफड़ों में संक्रमण का गंभीर खतरा पैदा हो जाता है। अगर नहाते वक्त साबुन बच्चे की आंखों में चला जाए और आंखें लाल हो जाएं, तो उसे रगड़ने देने के बजाय आंखों पर साफ ठंडे पानी के छींटे मारकर अच्छी तरह धोना चाहिए।

कितने हानिकारक होते हैं साबुन

सामान्य नहाने वाले साबुन कम हानिकारक होते हैं, मगर अगर बच्चे ने कपड़े धोने वाला सख्त डिटर्जेंट साबुन खा लिया है, तो यह आंतों में तेज जलन, लगातार उल्टी, पेट दर्द और दस्त का कारण बन सकता है। ऐसे हार्ड केमिकल्स से बच्चे की पल्स रेट गिर सकती है और डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ जाता है। अगर बच्चा सुस्त नजर आए, सांस लेने में तकलीफ हो या लगातार उल्टियां कर रहा हो, तो बिना किसी घरेलू प्रयोग में समय गंवाए फौरन नजदीकी शिशु रोग विशेषज्ञ या इमरजेंसी अस्पताल ले जाना चाहिए।

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