क्या डिंपल यादव होंगी यूपी की अगली CM, अखिलेश के जवाब ने बढ़ाया सियासी सस्पेंस

dimple yadav cm face up sp: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी ने महिला वोट बैंक को साधने के लिए बड़ा राजनीतिक दांव चल दिया है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पार्टी की महिला सांसदों और खासतौर पर मैनपुरी सांसद डिंपल यादव को सियासत के फ्रंटफुट पर खड़ा कर दिया है।

इसी बीच लखनऊ के सियासी गलियारों में यह चर्चा गर्म हो गई है कि क्या 2027 के महामुकाबले में डिंपल यादव समाजवादी पार्टी का मुख्यमंत्री चेहरा बन सकती हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस में जब पत्रकारों ने सीधे अखिलेश यादव से यह सवाल पूछा, तो उन्होंने कोई सीधा इनकार करने के बजाय एक रहस्यमयी मुस्कान के साथ जवाब देकर सस्पेंस को और गहरा कर दिया।

स्त्री सम्मान समृद्धि योजना: महिलाओं को सालाना ₹40 हजार का बड़ा चुनावी वादा

सपा ने रक्षाबंधन के मौके पर महिला मतदाताओं के लिए खजाना खोलते हुए ‘स्त्री सम्मान समृद्धि योजना’ का ऐलान किया है। सरकार बनने पर महिलाओं को हर साल ₹40,000 की नकद वित्तीय सहायता देने की घोषणा खुद सांसद डिंपल यादव ने मंच से की। इस पूरे शक्ति प्रदर्शन में डिंपल यादव पार्टी के मुख्य चेहरे के रूप में सामने आईं, जिसे सपा की ‘आधी आबादी’ को अपने पाले में लाने की सबसे बड़ी रणनीति माना जा रहा है।

सीएम फेस के सवाल पर अखिलेश का गोल-मोल जवाब और अखबार का जिक्र

पत्रकारों द्वारा डिंपल यादव को यूपी में सीएम प्रोजेक्ट करने के सवाल पर अखिलेश यादव ने सीधे जवाब देने से परहेज किया। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि विरोधी खुद इस सवाल में उलझे हुए हैं। इसके साथ ही उन्होंने तंज कसते हुए एक अंग्रेजी अखबार की उस रिपोर्ट का हवाला दिया जिसमें दावा किया गया था कि सीएम योगी में पीएम मोदी की छवि नजर आती है। अखिलेश की इस चुटीली प्रतिक्रिया और सधी हुई मुस्कान ने राजनीतिक विश्लेषकों को नए समीकरण तलाशने पर मजबूर कर दिया है।

संसद से सड़क तक: डिंपल यादव का आक्रामक और नया राजनीतिक अवतार

संसद के मानसून सत्र से लेकर राजधानी दिल्ली में युवाओं और जेन-जी के विरोध प्रदर्शनों तक, डिंपल यादव का एक बेहद मुखर और सक्रिय अंदाज देखने को मिला है। घायल छात्रों से अस्पताल में मुलाकात हो या संसद में जनहित के मुद्दों पर तीखी बहस, डिंपल लगातार सपा की सबसे प्रमुख आवाज बनकर उभरी हैं। वह हर बड़े मंच पर अखिलेश यादव के साथ कंधे से कंधा मिलाकर रणनीति का नेतृत्व करती दिख रही हैं।

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बीजेपी के महिला कार्ड की काट बनेंगी डिंपल यादव?

उत्तर प्रदेश की राजनीति में महिला मतदाताओं की बढ़ती ताकत को देखते हुए राजनीतिक पंडित मान रहे हैं कि भाजपा के महिला केंद्रित कल्याणकारी एजेंडे का मुकाबला करने के लिए सपा डिंपल यादव की सौम्य और स्वीकार्य छवि को सबसे आगे रख सकती है। हालांकि अखिलेश यादव ने अपने पत्ते अभी नहीं खोले हैं, लेकिन डिंपल की बढ़ती सक्रियता ने यह साफ कर दिया है कि आने वाले चुनाव में वह पार्टी की सबसे बड़ी स्टार प्रचारक और निर्णायक धुरी होंगी।

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