पत्नी के मायके जाने पर पति ने दी जान, आठ माह से मायके में रह रही थी पत्नी

जसवंतनगर,इटावा। जसवंतनगर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम निलोई में शुक्रवार सुबह 30 वर्षीय एक पति ने घर के टिनशेड में लगे पाइप से गमछे से फंदा डालकर फांसी लगाकर जान दे दी। घटना के समय पति घर में अकेला था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फोरेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए।
निलोई गांव निवासी 30 वर्षीय संदीप शाक्य पुत्र प्रदीप कुमार की पत्नी वीरमती करीब आठ माह से अपने मायके सकीट, जिला एटा में रह रही थी। परिजनों के अनुसार, संदीप कई बार पत्नी को घर वापस लाने का प्रयास कर चुका था। बताया गया कि शराब पीने की आदत के चलते पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता था। इसी कारण वीरमती बच्चों के साथ मायके चली गई थी।
परिजनों के मुताबिक, संदीप को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास मिला था। आवास मिलने के बाद उसमें रहना जरूरी था। पत्नी के वापस न आने और आर्थिक तंगी के कारण वह घरेलू परिस्थितियों को लेकर तनाव में रहता था। शुक्रवार सुबह उसने घर में फाँसी का फंदा लगाकर जान दे दी।
थानाध्यक्ष कमल भाटी ने बताया कि संदीप अपने पीछे पत्नी वीरमती और तीन छोटे बच्चों आठ वर्षीय अंशी,छह वर्षीय कृष और तीन वर्षीय कार्तिक को छोड़ गया है। घटना के समय उसके माता-पिता भी घर पर नहीं थे और अलग मकान में रहते हैं।
सूचना पर उपनिरीक्षक अनूप कुमार पांडेय पुलिस और फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। युवक की मौत की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।



