पुराने कुएं में गिरने से अन्ना सांड की मौत
गौशालाओं की व्यवस्था पर उठे सवाल

जसवंतनगर,इटावा। राष्ट्रीय राजमार्ग से जारीखेड़ा गांव को जाने वाले मार्ग पर गांव नगला हुलासी के सामने सड़क किनारे स्थित बंद पड़े पुराने पक्के कुएं में गिरने से एक अन्ना सांड की मौत हो गई। घटना की जानकारी सोमवार की सुबह उस समय हुई, जब खेतों की ओर जा रहे प्रधान लक्ष्मी नारायण को कुएं के भीतर से आवाजें सुनाई दीं। उन्होंने पास जाकर देखा तो कुएं के अंदर एक सांड गिरा हुआ था।
प्रधान लक्ष्मी नारायण व समाजसेवी कुलदीप शाक्य ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी। सूचना मिलते ही कुछ देर बाद पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई। हालांकि, रेस्क्यू अभियान शुरू होने से पहले ही सांड की मौत हो चुकी थी वहीँ ग्राम प्रधान ने बताया कि रेस्क्यू करके सांड बाहर निकाला गया उसके बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर गया तो प्रधान द्वारा गढ्ढे में दफ़न करा दिया। बताया गया कि सांड रात के समय अंधेरे में कुएं में गिर गया था,जिससे उसकी जान चली गई।
घटना के बाद ग्रामीणों में देशराज,श्याम सिंह,राजवीर,आलोक, सत्यभान,पंकज,लालता, विमलेश आदि की नाराजगी व्यक्त करते हुए बताया कि क्षेत्र में छुट्टा गौवंश खुलेआम घूम रहा है, जबकि शासन द्वारा गौशालाओं की व्यवस्था की गई है। इसके बावजूद अन्ना पशुओं का सड़कों और खेतों में घूमना गंभीर समस्या बना हुआ है ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि बंद पड़े कुओं को सुरक्षित बंद कराया जाए और छुट्टा गौवंश को गौशालाओं में पहुंचाने की प्रभावी व्यवस्था की जाए, ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।



