ट्रंप की पार्टी को बड़ा झटका; बोले- अगर हम हार गए, तो अमेरिका खत्म हो जाएगा

US Midterm Election Results 2026: बेहद चर्चित मध्यावधि चुनावों (मिडटर्म इलेक्शन) में तस्वीर साफ होती जा रही है, जो अमेरिकी राजनीति की दिशा बदलने वाले हैं। इसे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए एक बड़ा राजनीतिक झटका माना जा रहा है। शुरुआती रुझानों और नतीजों के अनुसार, विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी ने ‘हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स’ (प्रतिनिधि सभा) में नियंत्रण हासिल करने की दिशा में बड़ी बढ़त बना ली है, जिससे ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी में चिंता बढ़ गई है। जैसे-जैसे वोटों की गिनती आगे बढ़ रही है, इन नतीजों को ट्रंप के दो साल के कार्यकाल पर जनता के सीधे फैसले के रूप में देखा जा रहा है।

चुनाव के इस गरमागरम माहौल के बीच, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने काफी आक्रामक रुख अपनाया है। वोटों की गिनती अभी चल ही रही है कि ट्रंप ने एक बड़ा बयान दिया: “अगर डेमोक्रेट सत्ता में आते हैं, तो वे अपनी भारी शक्तियों का इस्तेमाल करेंगे। लेकिन मेरे पास सबसे बड़ी शक्ति है—’वीटो’। अगर जरूरत पड़ी, तो मैं डेमोक्रेट्स द्वारा पारित किसी भी कानून को रद्द करने के लिए वीटो का इस्तेमाल करने को तैयार हूं। अगर विपक्ष को बहुमत मिलता है, तो मैं खुद को ‘मिस्टर वीटो’ कहलाने में भी संकोच नहीं करूंगा।” इसके अलावा, उन्होंने एक सख्त चेतावनी देते हुए कहा, “अगर हम हार गए, तो अमेरिका खत्म हो जाएगा।”

प्रमुख हस्तियों की शानदार जीत

शुरुआती नतीजों में, डेमोक्रेटिक पार्टी के कई अहम नेता विजयी हुए हैं। डेलावेयर से क्रिस कून्स और मैसाचुसेट्स से एडवर्ड मार्की फिर से सीनेटर चुने गए हैं। इसके अलावा, पेंसिल्वेनिया में जोश शापिरो और मैरीलैंड में वेस मूर ने अपने-अपने राज्यों में गवर्नर का चुनाव जीता है, जो पार्टी की मजबूती को दर्शाता है। न्यू जर्सी से कोरी बुकर और इलिनोइस से जे.बी. प्रित्ज़कर ने भी जीत हासिल की है।

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मिडटर्म इलेक्शन क्या हैं?

अमेरिका में, मध्यावधि चुनाव राष्ट्रपति के कार्यकाल के दो साल पूरे होने पर होते हैं। ये चुनाव हर चार साल में नवंबर के पहले मंगलवार को आयोजित किए जाते हैं। इनमें ‘हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स’ की सभी 435 सीटों और सीनेट की लगभग एक-तिहाई सीटों के लिए मतदान होता है। हालांकि राष्ट्रपति सीधे तौर पर चुनाव मैदान में नहीं होते, लेकिन इन नतीजों से यह तय होता है कि कांग्रेस में किस पार्टी का बहुमत होगा। अगर विपक्षी पार्टी को बहुमत मिल जाता है, तो राष्ट्रपति के लिए नए कानून और विधेयक पारित कराना बेहद मुश्किल हो जाएगा। फिलहाल, इन नतीजों ने अमेरिकी राजनीति में हलचल मचा दी है, और पूरी दुनिया इन चुनावों पर करीब से नज़र रखे हुए है।

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