बालश्रम में चार बालक किए रेस्क्यू
प्रतिष्ठान संचालकों पर होगी कार्रवाई,

भरथना,इटावा। जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल के निर्देशन में बालश्रम, बाल तस्करी एवं बाल संरक्षण को लेकर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत शुक्रवार को भरथना क्षेत्र में संयुक्त टीम ने व्यापक छापेमारी की। अभियान के दौरान विभिन्न प्रतिष्ठानों पर बालश्रम करते मिले चार बालकों को सकुशल रेस्क्यू कर उनके अभिभावकों के सुपुर्द किया गया। साथ ही लोगों को बालश्रम एवं मानव तस्करी के प्रति जागरूक भी किया गया।
संयुक्त टीम ने नगर के होटल, ढाबों, दुकानों, प्रतिष्ठानों, गैराज, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, मेडिकल स्टोर, बेकरी, ईंट-भट्टों एवं अन्य संभावित स्थानों पर सघन जांच अभियान चलाया। इस दौरान बालूगंज स्थित एक बैटरी की दुकान, छोला मंदिर के सामने स्थित दुकान, बिधूना रोड पर ऑटो पार्ट्स की दुकान तथा मस्जिद के सामने स्थित इलेक्ट्रॉनिक की दुकान पर चार किशोर बालश्रम करते मिले। टीम ने तत्काल सभी बच्चों को रेस्क्यू कर नियमानुसार उनके अभिभावकों के सुपुर्द किया तथा उनके शैक्षिक एवं आर्थिक पुनर्वास की विधिक प्रक्रिया प्रारंभ कराई।
अधिकारियों ने बताया कि जिन प्रतिष्ठानों से बच्चों को बालश्रम करते हुए रेस्क्यू किया गया है, उनके संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार अभियोग दर्ज कर जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि शराब की भट्टी, खोया भट्टी अथवा अन्य खतरनाक कार्यस्थलों पर कोई भी नाबालिग कार्य करते हुए पाया गया तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज की जाएगी। ऐसे मामलों में कानून के तहत कठोर कार्रवाई का प्रावधान है।
अभियान की टीम लीडर उपजिलाधिकारी काव्या सी. ने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन द्वारा 1 जुलाई से 31 अगस्त 2026 तक विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य बाल एवं किशोर श्रमिकों का बचाव, संरक्षण एवं पुनर्वास सुनिश्चित करना है। इसी क्रम में भरथना क्षेत्र से चार बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया।
वहीं श्रम प्रवर्तन अधिकारी अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि आगामी 31 दिसंबर तक पूरे जनपद को बालश्रम मुक्त बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा चिन्हित 12 आकांक्षी जनपदों में इटावा शामिल है,जहां बालश्रम को पूरी तरह समाप्त करने के लिए लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं।
अभियान में तहसीलदार भरथना दिलीप कुमार, सीनियर असिस्टेंट प्रवीण कुमार,एएचटी इंस्पेक्टर रफीक अहमद,बाल संरक्षण अधिकारी सोहन गुप्ता,चाइल्ड हेल्पलाइन से कीर्ति गुप्ता,पुलिस बल एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।



